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पणजी: मशहूर पर्यावरणविद माधव गाडगिल ने चेतावनी दी है कि अगर गोवा ने पर्यावरण के मोर्चे पर ऐहतियात नहीं बरती तो उसका भी हश्र बाढ़ से तबाह हुए केरल जैसा हो सकता है। गाडगिल ने कहा कि कुछ अन्य राज्यों की तरह गोवा में भी ऐसी गतिविधियां हो रही हैं जिसकी मंशा केवल असीमित मुनाफा कमाना है। गाडगिल कुछ साल पहले बहस का विषय बनी पश्चिमी घाट संबंधी रिपोर्ट लिखने वाली समिति के अगुवा रहे हैं। उन्होंने केरल की विनाशकारी बाढ़ पर कहा, निश्चित ही सभी तरह की समस्याएं पश्चिमी घाट के पर्यावरण मोर्चे पर जमीनी स्तर पर सामने आएंगी। वैसे तो गोवा में पश्चिमी घाट केरल जैसा बहुत ऊंचा नहीं है, लेकिन मैं पक्का हूं कि गोवा भी ऐसी समस्याओं का सामना करेगा।

गाडगिल ने कहा कि कोई भी पर्यावरण संबंधी ऐहतियात नहीं बरतने की वजह पूर्णत: मुनाफा केंद्रित है। उन्होंने कहा, आपने गोवा में भी देखा है। केंद्र सरकार की ओर से गठित न्यायमूर्ति एमबी शाह आयोग ने अवैध खनन से 35000 करोड़ रुपये के अवैध मुनाफे का अनुमान लगाया है। उन्होंने कहा कि सरकार पर्यावरण नियमों को लागू कराने में शिथिल रही।

नई दिल्ली: गोवा के एक मेडिकल कॉलेज से चौंकाने वाली खबर है। एक ताजा अध्ययन में सामने आया है कि यहां लड़कों से ज्यादा लड़कियां शराब पीती हैं। शोध में यह भी बताया गया है कि लड़के व्हिस्की और बियर पीना ज्यदा पसंद करते हैं जबकि लड़कियां वाइन और कम अल्कोहल वाली शराब पीना ज्यादा पसंद करती हैं।

इंटरनेशनल जर्नल ऑफ कम्युनिटी मेडिसिन एंड पब्लिक हेल्थ के जुलाई संस्करण में प्रकाशित रिपोर्ट में कहा गया है कि गोवा में ड्रिंक करने का चलन 39.4 फीसदी है, कॉलेज की 40.6 छात्राएं शराब पीती हैं। जबकि यहां 38 फीसदी छात्र ही शराब पीते हैं। 20 फीसदी छात्र पणजी के आसपास रहने वाले हैं। अध्ययन में विश्व स्वास्थ्य संगठन (डब्ल्यूएचओ) द्वारा विकसित उपकरण (एयूडीआईटी) का इस्तेमाल किया गया।

पणजी: तिब्बत के आध्यात्मिक गुरू दलाई लामा ने बुधवार को कहा कि महात्मा गांधी चाहते थे कि मोहम्मद अली जिन्ना देश के शीर्ष पद पर बैठे, लेकिन पहला प्रधानमंत्री बनने के लिए जवाहरलाल नेहरू ने 'आत्म केंद्रित' रवैया अपनाया। दलाई ने दावा किया कि यदि महात्मा गांधी की जिन्ना को पहला प्रधानमंत्री बनाने की इच्छा को अमल में लाया गया होता तो भारत का बंटवारा नहीं होता। गोवा प्रबंध संस्थान के एक कार्यक्रम को संबोधित करते हुए 83 वर्षीय बौद्ध भिक्षु संबोधित ने यह बात कही।

सही निर्णय लेने संबंधी एक छात्र के प्रश्न का उत्तर देते हुए उन्होंने कहा, 'मेरा मानना है कि सामंती व्यवस्था के बजाय प्रजातांत्रिक प्रणाली बहुत अच्छी होती है। सामंती व्यवस्था में कुछ लोगों के हाथों में निर्णय लेने की शक्ति होती है, जो बहुत खतरनाक होता है। अब भारत की तरफ देखें। मुझे लगता है कि महात्मा गांधी जिन्ना को प्रधानमंत्री का पद देने के बेहद इच्छुक थे। लेकिन पंडित नेहरू ने इसे स्वीकार नहीं किया।'

गोवा: गोवा में भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) की अगुवाई वाली सरकार में शामिल गोवा फॉर्वर्ड पार्टी (जीएफपी) नहीं चाहती है कि लोकसभा चुनाव के साथ राज्य विधानसभा के चुनाव भी करवाए जाएं। जीएफपी ने शनिवार को कहा कि लोकसभा और विधानसभाओं के चुनाव साथ-साथ करवाने का प्रस्ताव क्षेत्रीय भावनाओं के खिलाफ है। जीएफपी के अध्यक्ष विजय सरदेसाई ने संवाददाताओं से कहा, 'प्रस्ताव पूरी तरह अव्यवहारिक है। यह कारगर नहीं होगा।

सरदेसाई यहां विधि आयोग द्वारा एक साथ चुनाव करवाने के प्रस्ताव पर आयोजित बैठक में हिस्सा लेने के बाद संवाददाताओं से बात कर रहे थे। उन्होंने कहा कि अगर प्रस्ताव को अमल मे लाया गया तो क्षेत्रीय मसले ठंडे बस्ते में चले जाएंगे। शहर एवं ग्राम नियोजन और कृषि मंत्री विजय सरदेसाई ने कहा, 'सुझाव अच्छा है, लेकिन इससे क्षेत्रीय मुद्दे कमजोर पड़ जाएंगे। अगर एक साथ चुनाव हुए तो हमारे जैसे क्षेत्रीय दल और मसलों की अहमियत कम हो जाएगी। यही कारण है कि हम इसका विरोध कर रहे हैं। यह क्षेत्रीय भावना के खिलाफ है।'

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