ताज़ा खबरें
एसआईआर के खिलाफ हो रहे प्रदर्शन आजादी की दूसरी लड़ाई: खड़गे
जेडीयू से बाहर निकाले जाने पर अनंत सिंह बोले- बनाऊंगा अपनी पार्टी
रामलीला मैदान की रैली से पहले राहुल बोले- बीजेपी का दिल से धन्यवाद

बेंगलुरु: कर्नाटक में सीएम डी के शिवकुमार के नेतृत्व वाली कांग्रेस सरकार का बहुप्रतीक्षित मंत्रिमंडल विस्तार सोमवार को हो गया। कांग्रेस ने कर्नाटक कैबिनेट के विस्तार में अनुभवी नेताओं और नए चेहरों के बीच संतुलन बनाए रखा। डी. के. शिवकुमार के कर्नाटक के मुख्यमंत्री का पद संभालने के दो महीने बाद हुए मंत्रिमंडल विस्तार में 19 नए मंत्रियों को शामिल किया गया है।

कैबिनेट विस्तार में नए शामिल किए गए नेताओं में से पूर्व मंत्री मधु बंगारप्पा ने पार्टी नेतृत्व का शुक्रिया अदा किया और समाज के सभी वर्गों के लिए काम करने का वादा किया। बंगारप्पा ने कहा कि मुझे मुख्यमंत्री डीके शिवकुमार के नेतृत्व में काम करने का अवसर मिला है। जनता और पार्टी ने मुझ पर भरोसा जताया है। हम उन लोगों के लिए काम करेंगे जिन्होंने हमें वोट दिया है और जिन्होंने नहीं दिया है। पूर्व मुख्यमंत्री एन. धर्म सिंह के पुत्र अजय सिंह ने उन्हें मंत्रिमंडल में शामिल करने के लिए कांग्रेस नेतृत्व का आभार व्यक्त किया। उन्होंने कलबुर्गी जिले के जेवरगी निर्वाचन क्षेत्र की जनता के प्रति भी कृतज्ञता व्यक्त की।

बेंगलुरु: कर्नाटक में कांग्रेस सरकार के बहुप्रतीक्षित कैबिनेट विस्तार के बाद पार्टी के भीतर असंतोष खुलकर सामने आ गया है। कई वरिष्ठ विधायकों और उनके समर्थकों ने मंत्री पद नहीं मिलने पर नाराजगी जताई है। कुछ नेताओं ने इस्तीफे तक के संकेत दिए हैं, जबकि कई जगह समर्थकों ने विरोध प्रदर्शन किया। बढ़ते विवाद के बीच मुख्यमंत्री डी.के. शिवकुमार ने नाराज नेताओं से धैर्य रखने और पार्टी के फैसले का सम्मान करने की अपील की है।

कांग्रेस सरकार ने सोमवार को लंबे समय से चल रही अटकलों पर विराम लगाते हुए 20 विधायकों को मंत्री बनाने का फैसला किया। इeसके बाद मुख्यमंत्री डी.के. शिवकुमार ने कहा कि कई योग्य और वरिष्ठ नेताओं को इस बार मंत्रिमंडल में जगह नहीं मिल सकी। उन्होंने कहा कि पार्टी को कई पहलुओं को ध्यान में रखकर फैसला लेना पड़ता है।

शिवकुमार ने यह भी याद दिलाया कि वर्ष 2004 में उन्हें भी मंत्री नहीं बनाया गया था और बाद में सिद्धारमैया सरकार के दौरान भी लंबे समय तक उन्हें कैबिनेट से बाहर रहना पड़ा।

शिवमोग्गा: कर्नाटक के शिवमोग्गा जिले में रविवार तड़के भारी बारिश के बीच हुए भूस्खलन ने एक परिवार को उजाड़ दिया। तीर्थहल्ली तालुक के इंदिरा नगर में पहाड़ी का एक हिस्सा अचानक ढह गया, जिसकी चपेट में मजदूरों का एक शेड आ गया। हादसे में एक परिवार के तीन लोगों की मौत हो गई, जिनमें 3 साल का बच्चा भी शामिल है। वहीं, एक अन्य मजदूर गंभीर रूप से घायल हुआ है, जिसका इलाज अस्पताल में जारी है।

भारी बारिश के कारण हुआ भूस्खलन, रेस्क्यू ऑपरेशन चलाया गया

मृतकों की पहचान 35 वर्षीय मल्लिकार्जुन, उनकी 28 वर्षीय पत्नी नागावेनी और 3 वर्षीय बेटे संतोष के रूप में हुई है। ये सभी कोप्पल जिले के गंगावती तालुक के कोक्कारेगारू गांव के रहने वाले प्रवासी मजदूर थे। बताया गया है कि यह परिवार पिछले दो साल से इसी शेड में रह रहा था, जो रविवार तड़के अचानक मलबे में दब गया। जानकारी के मुताबिक, मलनाड इलाके में लगातार हो रही भारी बारिश के कारण यह हादसा हुआ। रविवार तड़के करीब 2:30 बजे पहाड़ी का एक हिस्सा टूटकर नीचे गिर गया और मजदूरों का शेड मलबे में धंस गया।

बेंगलुरु: कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे ने रविवार को आरोप लगाया कि अयोध्या में राम मंदिर के नाम पर दिए गए चढ़ावे से जुड़ी 20,000 करोड़ रुपये की कथित लूट के लिए बीजेपी और राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ जिम्मेदार हैं। खड़गे ने केंद्र में सत्तारूढ़ बीजेपी पर आरोप लगाया कि वह मतदाता सूचियों के विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) के जरिये ‘वोट चोरी’ करने और परिसीमन का इस्तेमाल करके सत्ता बनाए रखने की “कोशिश” कर रही है।

खड़गे ने संविधान निर्माता डॉ. बीआर आंबेडकर की प्रतिमा का अनावरण करने के बाद एक सभा को संबोधित करते हुए आरोप लगाया कि भाजपा जहां “राजनीतिक लाभ” के लिए धर्म का सहारा ले रही है, वहीं वह चुनावी हेरफेर के जरिये लोकतांत्रिक संस्थाओं को भी कमजोर कर रही है। उन्होंने कहा, “आपने देखा है कि भगवान के नाम पर कितनी लूट हो रही है। अयोध्या में क्या हुआ? क्या गरीबों ने ऐसा किया? क्या दलितों ने ऐसा किया? क्या किसानों ने ऐसा किया? नहीं। ऐसा आरएसएस और भाजपा से जुड़े लोगों ने किया।”

  • देश
  • प्रदेश
  • आलेख