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देहरादून: उत्तराखंड के पूर्व मुख्यमंत्री हरीश रावत ने आज राज्य विधानसभा में 10 मई को शक्ति परीक्षण कराने के सुप्रीम कोर्ट के आदेश का स्वागत करते हुए कहा कि इससे लोकतंत्र में विधायिका की श्रेष्ठता एक बार फिर साबित हो गयी है। सर्वोच्च न्यायालय का इस संबंध में फैसला आने के तुरंत बाद संवाददाताओं से बातचीत में रावत ने यह उम्मीद भी जाहिर की कि इससे राज्य में चल रही राजनीतिक अनिश्चितता भी समाप्त हो जाएगी। रावत ने कहा, ‘इस आदेश से विधायिका की श्रेष्ठता एक बार फिर साबित हो गयी है। इस आदेश से विधानसभा में अध्यक्ष की सर्वोच्चता भी साबित हो गयी है। हम सर्वोच्च न्यायालय के आदेश का सम्मान करते हें जिसने न्यायपालिका में हमारे विश्वास को और मजबूत किया है।’ सर्वोच्च न्यायालय के आदेश से प्रदेश में चल रही राजनीतिक अनिश्चितता के समाप्त होने में मदद मिलने की उम्मीद जाहिर करते हुए रावत ने कहा कि इसका एकमात्र समाधान शक्ति परीक्षण ही है। उन्होंने कहा, ‘शक्ति परीक्षण का परिणाम लंबे समय से उत्तराखंड के राजनीतिक क्षितिज पर मंडरा रहे अनिश्चितता के बादल छंट जाएंगे।’ बिना नाम लिये भाजपा नेताओं पर तंज कसते हुए पूर्व मुख्यमंत्री ने कहा कि शक्ति परीक्षण का परिणाम गिद्वों की तरह उत्तराखंड के आकाश पर मंडरा रहे लोगों को भी यहां से भगा देगा।

देहरादून: उत्तराखंड और हिमाचल में बारिश बड़ी राहत लेकर आई है। उत्तराखंड में मंगलवार से लगातार बारिश हो रही है। इसके कारण आग पर काबू पा लिया गया है। हिमाचल से भी थोड़ी राहत की खबर है। जो काम कई दिनों से वायुसेना के हेलीकॉप्टर, एनडीआरएफ, एसडीआरएफ और स्थानीय पुलिस नहीं कर सकी वह एक दिन की बारिश ने कर दिया। उत्तराखंड और हिमाचल प्रदेश में मंगलवार से हो रही बारिश से जंगलों में लगी आग पर काफी हद तक काबू पा लिया गया है। उत्तराखंड में रात से बारिश हो रही है और यहां करीब-करीब पूरी तरह से जंगलों में लगी आग पर काबू पा लिया गया है। रुद्रप्रयाग, उत्तरकाशी, पौड़ी में अभी भी बारिश हो रही है। हिमाचल प्रदेश में भी मंगलवार को बारिश हुई है, जिससे कई जगहों आग बुझ गई है, लेकिन यहां के 6 जिलों में नौ जगहों पर अब भी आग की खबर है। ये जिले हैं सोलन, सिरमौर, उना, बिलासपुर, कांगड़ा, और चंबा।

देहरादून: उत्तराखंड और हिमाचल में बारिश बड़ी राहत लेकर आई है। उत्तराखंड में मंगलवार से लगातार बारिश हो रही है। इसके कारण आग पर काबू पा लिया गया है। हिमाचल से भी थोड़ी राहत की खबर है। जो काम कई दिनों से वायुसेना के हेलीकॉप्टर, एनडीआरएफ, एसडीआरएफ और स्थानीय पुलिस नहीं कर सकी वह एक दिन की बारिश ने कर दिया। उत्तराखंड और हिमाचल प्रदेश में मंगलवार से हो रही बारिश से जंगलों में लगी आग पर काफी हद तक काबू पा लिया गया है। उत्तराखंड में रात से बारिश हो रही है और यहां करीब-करीब पूरी तरह से जंगलों में लगी आग पर काबू पा लिया गया है। रुद्रप्रयाग, उत्तरकाशी, पौड़ी में अभी भी बारिश हो रही है। हिमाचल प्रदेश में भी मंगलवार को बारिश हुई है, जिससे कई जगहों आग बुझ गई है, लेकिन यहां के 6 जिलों में नौ जगहों पर अब भी आग की खबर है। ये जिले हैं सोलन, सिरमौर, उना, बिलासपुर, कांगड़ा, और चंबा।

देहरादून: बागी विधायकों की कथित खरीद-फरोख्त में खुद की संलिप्तता दिखाने वाली 'स्टिंग सीडी' को अब तक 'फर्जी और गलत' बताने वाले उत्तराखंड के पूर्व मुख्यमंत्री हरीश रावत ने रविवार को उसमें अपनी मौजूदगी को स्वीकार करते हुए कहा कि पत्रकार से मिलना कोई अपराध नहीं है। हरीश रावत ने देहरादून में एक कार्यक्रम में भाग लेने के बाद संवाददाताओं से एक बातचीत में कहा, 'क्या किसी पत्रकार से मिलना कोई अपराध है? तब तक तकनीकी रूप से अयोग्य घोषित नहीं हुए विधायकों में से किसी ने भी मुझसे बातचीत की तो इससे क्या फर्क पडता है? राजनीति में क्या किसी चैनल को हम बंद कर सकते हैं?' इस संबंध में अपने निर्दोष होने का दावा करते हुए पूर्व मुख्यमंत्री ने कहा कि सीडी में से ऐसा कुछ भी प्रमाणित हो जाए कि उन्होंने असतुष्ट विधायकों का समर्थन लेने के बदले में उन्हें नकद या किसी और प्रकार की पेशकश की तो वह जनता के सामने फांसी पर लटकने को तैयार हैं। उन्होंने कहा, 'अगर मेरे खिलाफ ऐसा कोई प्रमाण मिलता है कि कि मैंने किसी को धन या किसी और चीज की पेशकश की तो मुझे घंटाघर पर लटका दीजिए। घंटाघर चौक देहरादून के बिल्कुल बीचोंबीच स्थित है।'

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