ताज़ा खबरें
वक्फ विधेयक को सुप्रीम कोर्ट में चुनौती देगी डीएमके: सीएम स्टालिन
'वक्फ संशोधन बिल सिर्फ साम्प्रदायिक ध्रुवीकरण के लिए': सोनिया गांधी
लोकसभा से पास हुआ वक्फ बिल: पक्ष में 288, विरोध में पड़े 232 वोट

चंडीगढ़: विपक्ष के नेता चरणजीत सिंह चन्नी ने शुक्रवार को आरोप लगाया कि पंजाब राज्य परिवहन विभाग ने 2007-15 के अवधि के दौरान मुख्यमंत्री, उप मुख्यमंत्री और पूरे कैबिनट के सरकारी वाहनों पर 97 करोड़ रुपये से अधिक की राशि खर्च की। कांग्रेस के नेता ने बताया कि बादल (पिता-पुत्र) को आर्थिक संकटों और पिछले दस सालों में राज्य में सामाजिक सुरक्षा योजनाओं के क्रियान्वयन को लेकर एक खुली बहस करने के लिए एक सार्वजनिक मंच पर सामने आना चाहिए। सूचना के एक अधिकार (आरटीआई) जवाब के हवाले से उन्होंने कहा, बादल (पिता-पुत्र) और अन्य मंत्रियों के वाहनों पर 97 करोड़ से अधिक की राशि खर्च की गयी, जिससे राज्य के प्रति इन नेताओं की असंवदेनशीलता का पता चलता है।

अमृतसर: आपरेशन ब्लू स्टार की 32वीं वषर्गांठ सोमवार को यहां स्वर्ण मंदिर में तगड़ी सुरक्षा के बीच मनाई गई और खालिस्तान के समर्थन में नारे लगाए गए। कानून व्यवस्था बनाए रखने के लिए एसजीपीसी के कार्यबल के साथ पुलिसकर्मी सादी वर्दी में तैनात थे जिससे मंदिर परिसर और इसके आसपास कोई अप्रिय घटना नहीं हुई। अर्धसैनिक बलों सहित 8,000 से अधिक सुरक्षाकर्मियों को अमृतसर में तैनात किया गया है। शिरोमणि अकाली दल (अमृतसर) के अध्यक्ष व पूर्व सांसद सिमरनजीत सिंह मान की अगुवाई में अकाली समर्थकों ने ‘खालिस्तान जिंदाबाद’ और ‘पंजाब सरकार मुर्दाबाद’ के नारे लगाए। अकाल तख्त के भूतल से एकत्र हुए लोगों को संबोधित करते हुए मान ने आरोप लगाया है कि मुख्यमंत्री प्रकाश सिंह बादल, सिखों और एसजीपीसी के धार्मिक मामलों में दखल दे रहे हैं। मान ने एसजीपीसी को सिख ग्रंथी बलबीर सिंह को बहाल करने को कहा जिन्होंने हाल ही में स्वर्ण मंदिर में मुख्यमंत्री को ‘सिरोपा’ देने से इनकार कर दिया था। सभा को संबोधित करते हुए जत्थेदार अकाल तख्त ज्ञानी गुरबचन सिंह ने तत्कालीन केन्द्र सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि दुनियाभर में सिख समुदाय आपरेशन ब्लू स्टार के इस पुराने घाव को याद रखेगी।’’ स्वर्ण मंदिर में 1984 में सेना की कार्रवाई में मारे गए लोगों को समर्पित स्मारक को देखने आज बड़ी तादाद में लोग एकत्र हुए।

नई दिल्ली: प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने पंजाब के पूर्व मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह के बेटे रनिंदर सिंह को कथित तौर पर विदेशी विनियमन नियमों का उल्लंघन करने और टैक्स रहित विदेशी संपत्ति रखने के आरोप में चल रही जांच के सिलसिले में समन किया है। आधिकारिक सूत्रों ने कहा कि रनिंदर को एजेंसी ने अपने चंडीगढ़ कार्यालय में समन किया है, जहां उनसे धन को कथित रूप से स्विटजरलैंड भेजने और ब्रिटिश वर्जिन आईलैंड्स में एक ट्रस्ट तथा कुछ सहयोगी कंपनियां बनाने के बारे में पूछताछ की जाएगी। इन मामलों की पहले जांच आयकर विभाग कर चुका है और इस मामले में पंजाब की अदालत में मामला चल रहा है। मामले की अगली सुनवाई 26 जुलाई को होने वाली है। रनिंदर ने संपर्क करने पर कहा कि उनके पास छिपाने के लिए कुछ नहीं है और वह इस मुद्दे पर सहयोग करने को इच्छुक हैं। उन्होंने कहा, इसकी जांच आयकर अधिकारी कर रहे हैं।

चंडीगढ़: ऑपरेशन ब्लूस्टार की 32वीं बरसी के मौके पर अमृतसर और पंजाब के कई अन्य हिस्सों में सुरक्षा के विशेष इंतजाम किए गए हैं। मुख्यमंत्री प्रकाश सिंह बादल ने लोगों से रविवार को अनुरोध किया कि वे बरसी को संयत और शांतिपूर्ण तरीके से मनाएं। पंजाब पुलिस के एक वरिष्ठ अधिकारी ने कहा, 'हमने अमृतसर, लुधियाना, जालंधर और पटियाला में पर्याप्त संख्या में सुरक्षा बलों को तैनात किया है।' आईटीबीपी, सीआरपीएफ, आरएएफ सहित अन्य अर्धसैनिक बलों की 15 कंपनियां और राज्य पुलिस के कर्मी तैनात किए गए हैं। उन्होंने कहा, 'अर्धसैनिक बलों की छह कंपनियां अमृतसर में तैनात की गई हैं, जबकि शेष को लुधियाना, जालंधर और पटियाला में तैनात किया जाएगा।' प्रदेशभर में कट्टरपंथी सिखों के खिलाफ चल रहे पुलिस अभियान के तहत पुलिस ने पहले ही विभिन्न स्थानों से शिरोमणि अकाली दल (अमृतसर) और दमदमी टकसाल के सदस्यों को हिरासत में लिया है ताकि ऑपरेशन ब्लूस्टार की 32वीं बरसी पर कोई अप्रिय घटना नहीं हो। आधिकारिक सूत्रों ने बताया कि एहतियातन हिरासत को देखते हुए कई कार्यकर्ता भूमिगत हो गए हैं। इस बीच अमृतसर में कड़ी सुरक्षा व्यवस्था की गयी है ताकि किसी अप्रिय घटना को टाला जा सके और कानून-व्यवस्था भंग करने के असामाजिक तत्वों के प्रयास विफल किए जा सकें।

  • देश
  • प्रदेश
  • आलेख