ताज़ा खबरें
टैरिफ से सहमा बाजार:सेंसेक्स 931 अंक गिरा, निफ्टी 23000 से फिसला
बजट में दलित-आदिवासी के लिए उचित हिस्सा कानूनन जरूरी हो: राहुल
वक्फ संशोधन बिल के खिलाफ सुप्रीम कोर्ट में पहली याचिका दाखिल

उज्जैन: उज्जैन में अचानक शुक्रवार शाम को हुई तेज बारिश में महाकाल मंदिर गेट नंबर चार की एक दीवार ढह गई, जिसके मलबे में कुछ लोग दब गए और घायल हो गए। वहीं, एसपी प्रदीप शर्मा ने दो लोगों की मौत होने की पुष्टि की है। घायलों को रेस्क्यू टीम द्वारा तुरंत निकाला गया और जिला चिकित्सालय में भर्ती करवाया गया है, जिसका राहत कार्य तेजी से जारी है। 

उज्जैन में तेज बारिश का दौर लगातार जारी है। लेकिन यह बारिश महाकाल मंदिर क्षेत्र में आफत बनकर बरसी। महाकाल मंदिर के गेट नंबर चार पर ज्योतिशाचार्य पंडित आनंद शंकर व्यास के मकान के पास तेज बारिश के कारण अचानक दीवार ढह गई, जिससे यहां दुकान लगाकर सामान बेचने वाले लोग दीवार के मलबे में दब गए।

जैसे ही इन लोगों के दबने की सूचना महाकाल मंदिर प्रशासन को लगी, उन्होंने तुरंत महाकाल थाना पुलिस व मंदिर कर्मचारियों की सहायता से घायलों को मलबे से बाहर निकाला और उन्हें उपचार हेतु अस्पताल पहुंचाया है। मलबे में कितने लोग दबे हैं और कितने को रेस्क्यू टीम ने बाहर निकाला है, अभी इसकी जानकारी नहीं है।

इंदौर: मध्य प्रदेश के इंदौर से एक दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है। शहर से 50 किलोमीटर की दूरी पर बने ऐतिहासिक जाम गेट के पास दो ट्रेनी आर्मी जवान अपनी दो महिला साथियों के साथ नाइट ड्राइव और पिकनिक पर निकले थे। जाम गेट के पास आर्मी का पुराना फायरिंग रेंज है जहां, देर रात चारों लोग बैठे हुए थे। इस दौरान करीब 6 बदमाश वहां आए और चारों को बंधक बनाकर, मारपीट कर उनसे लूटपाट की वारदात को अंजाम दिया।

आरोप है कि इस दौरान एक महिला साथी से बंदूक की नोक पर गैंगरेप भी किया गया है। पीड़ितों ने पुलिस को जो जानकारी दी है, उसके अनुसार, मंगलवार (11 सितंबर) की देर रात करीब 2.30 बजे चार दोस्त पार्टी करने फायरिंग रेंज के पास पहुंचे थे। वहां, 6 बदमाश आए और उनसे मारपीट की, महिला साथियों को भी मारा और 10 लाख रुपये की डिमांड की। इसके बाद आरोपियों ने एक जवान और महिला साथी को बंधक बनाए रखा। वहीं, दूसरे जवान और महिला साथी को 10 लाख रुपये लाने के लिए भेज दिया। आरोप है कि बंधक बनाई गई महिला साथी के साथ गन पॉइंट पर गैंगरेप किया गया है।

भोपाल: मध्य प्रदेश में दो महिलाएं जिंदा ही दफन हो जातीं, यदि उन्हें समय रहते बचा नहीं लिया जाता। इन महिलाओं पर एक डंपर से बजरी उडेली गई थी। रीवा जिले के हिनौता में हुई हमले की यह घटना जमीन विवाद का नतीजा बताई जा रही है। ममता पांडे और आशा पांडे नाम की महिलाएं बजरी के ढेर में कमर और गर्दन तक दब गई थीं। उन्हें स्थानीय लोगों ने फावड़े की मदद से बजरी के ढेर में से निकालकर बचाया। उनमें से एक महिला बेहोश हो गई थी, जिसका बाद में इलाज कराया गया।

यह टकराव मंगावा थाना क्षेत्र में तब हुआ, जब गांव में एक सड़क निर्माण प्रोजेक्ट को लेकर महिलाएं विरोध प्रदर्शन कर रही थीं। उन्होंने दावा किया कि जमीन पट्टे पर दी गई थी। वे सड़क निर्माण का विरोध कर रही थीं। हालांकि महिलाओं की आपत्तियों को नजरअंदाज कर दिया गया। स्थिति तब और बिगड़ गई जब स्थानीय दबंगों के आदेश पर डंपर चालक ने उन पर बजरी डाल दी। घटना का वीडियो वायरल हो गया है, जिसमें बजरी डाले जाने से ठीक पहले डंपर के पीछे बैठी महिलाएं दिखाई दे रही हैं।

भोपाल: मध्य प्रदेश में सीबीआई को जांच के लिए अब सरकार से इजाजत लेनी होगी। गृह विभाग ने इसके लिए नोटिफिकेशन जारी किया है, जिसमें साफ लिखा गया है कि अब सीबीआई को जांच के लिए सरकार की लिखित अनुमति लेना जरूरी होगा। यह व्यवस्था 1 जुलाई 2024 से लागू मानी जाएगी, जबकि सरकार ने मंगलवार 16 जुलाई को यह नोटिफिकेशन जारी किया था।

मध्य प्रदेश भी विपक्षी राज्यों की लिस्ट में हुआ शामिल

गृह विभाग के अफसरों ने जानकारी दी है कि यह व्यवस्था पहले से लागू थी, लेकिन अभी भारतीय न्याय संहिता लागू हुई है, जिस वजह से नोटिफिकेशन जारी करना जरूरी था। वरना कोर्ट में चल रहे विचारधीन केस दूषित हो सकते थे। मध्य प्रदेश सरकार ने जारी आदेश में कहा है कि किसी भी व्यक्ति, सरकारी अधिकारी या राज्य में आने वाली संस्था की जांच करनी हो तो सीबीआई को मध्य प्रदेश प्रशासन से लिखित मंजूरी लेनी होगी। इसी के साथ बीजेपी शासित मध्य प्रदेश भी अब उन राज्यों में शामिल हो गया है, जहां सीबीआई को जांच से पहले मंजूरी की जरूरत होगी।

  • देश
  • प्रदेश
  • आलेख