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लखनऊ: सर्व शिक्षा अभियान के तहत जिलों-मण्डलों में सीधी संविदा पर काम कर रहे कर्मचारियों की संविदा का नवीनीकरण अब नहीं होगा। ये कर्मचारी अब आउट सोर्सिंग के माध्यम से रखे जाएंगे। इन कर्मचारियों की संविदा तुरंत नहीं खत्म की जा रही बल्कि जब भी संविदा खत्म होगी, तब कर्मचारी को आउटसोर्सिंग के माध्यम से रखा जाएगा। यदि कोई कर्मचारी प्रतिनियुक्ति पर तैनात है तो प्रतिनियुक्ति की अवधि पांच वर्ष पूरा होने पर उसे उसके मूल विभाग में वापस कर दिया जाएगा।

जिला समन्वयक प्रशिक्षण / बालिका / सामुदायिक शिक्षा के पदों पर चयन प्रक्रिया राज्य परियोजना कार्यालय स्तर से होगी, वहीं बाकी पदों पर जिला स्तर पर सेवा प्रदाता के माध्यम से कर्मचारी रखे जाएंगे। कर्मचारियों का मानदेय भी राज्य परियोजना निदेशालय से तय कर दिया गया है। इससे कम मानदेय पर नियुक्तियां नहीं होंगी।

वहीं जिला समन्वयक निर्माण और ईएमआईएस इंचार्ज के मानदेय में बढ़ोत्तरी भी की गई है।

 

 

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