ताज़ा खबरें
टैरिफ से सहमा बाजार:सेंसेक्स 931 अंक गिरा, निफ्टी 23000 से फिसला
बजट में दलित-आदिवासी के लिए उचित हिस्सा कानूनन जरूरी हो: राहुल
वक्फ संशोधन बिल के खिलाफ सुप्रीम कोर्ट में पहली याचिका दाखिल
वक्फ विधेयक के खिलाफ सुप्रीम कोर्ट का दरवाजा खटखटाएगी कांग्रेस
'वक्फ बिल को थोपा गया, अदालत कर देगी खारिज': अभिषेक सिंघवी
वक्फ विधेयक राज्यसभा से भी पारित,पक्ष में पड़े 128 वोट, विपक्ष में 95

इटानगर: मौसम की स्थिति में सुधार नहीं होने के कारण अरूणाचल प्रदेश के कई जिलों में बाढ़ की स्थिति खराब होती जा रही है क्योंकि नए इलाके डूब गए हैं और सौ से ज्यादा परिवार बेघर हो चुके हैं। उपमुख्यमंत्री चाउना मीन ने बाढ़ प्रभावित जिले लोहित, नमसाई, पूर्वी सियांग, लोअर दिबांग घाटी और चांगलांग का दौरा कर स्थिति का जायजा लिया। मुख्यमंत्री पेमा खांडू के निर्देश पर मीन नयी दिल्ली से राज्य की राजधानी पहुंचे और स्थिति पर गौर किया। एक सरकारी रिपोर्ट में बताया गया कि मुख्यमंत्री ने मीन से कहा कि स्थिति का आकलन करें और स्थानीय लोगों में विश्वास की भावना जगाएं। खांडू निजी तौर पर स्थिति पर निगाह बनाए हुए हैं और उन्होंने इससे पहले विधायक मोहेश चाई, चाउ झिंगनू नामचूम और लैसाम सिमाई को अपने..अपने जिले में बाढ़ की स्थिति का जायजा लेने के लिए नियुक्त किया था। मीन प्रभावित इलाके के विधायकों के लगातार संपर्क में हैं और उन्होंने राहत कार्यों में तेजी लाने के लिए कहा है। उन्होंने लोगों से शांत, सावधान और सतर्क रहने के लिए कहा है और उन्हें आश्वस्त किया है कि बाढ़ प्रभावित जिले में राहत और पुनर्वास कार्य में हर तरह का सहयोग देंगे। नोआ..देहिंग नदी से पूरा लेकांग सर्ल पानी में डूब गया है जबकि समूचा नमसाई टाउनशिप और इसके आसपास के गांव बुरी तरह प्रभावित हुए हैं।

नमसाई से जारी एक रिपोर्ट में बताया गया है कि नोआ..देहिंग और जेंगथू नदियों के पानी खतरे के निशान के उपर बह रहे हैं।

  • देश
  • प्रदेश
  • आलेख