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गोधरा: भाजपा नेता और पंचमहल निर्वाचन क्षेत्र से भाजपा सांसद प्रभात सिंह चौहान के पुत्र प्रवीण सिंह चौहान अपने समर्थकों के साथ कांग्रेस में शामिल हो गए। गुजरात विधानसभा में विपक्ष के नेता शंकर सिंह वाघेला और गुजरात कांग्रेस के अध्यक्ष भरत सिंह सोलंकी इस मौके पर उपस्थित थे। सोलंकी ने कहा, ‘उनकी (प्रवीण सिंह की) पत्नी सुमनबेन चौहान जो भाजपा से जिला पंचायत सदस्य हैं, वह भी जल्द कांग्रेस में शामिल होंगी।’ प्रवीण सिंह चौहान पंचमहल जिला कांग्रेस कमेटी के एक कार्यक्रम में कांग्रेस में शामिल हुए। इस मौके पर कांग्रेस के शीर्ष नेता मौजूद थे। प्रवीण सिंह अपने समर्थकों के साथ इस कार्यक्रम में आए और मंच से घोषणा की कि वह कांग्रेस में शामिल हो रहे हैं। इस पर उनका और उनके समर्थकों का स्वागत किया गया और आधिकारिक तौर पर उन्हें कांग्रेस में शामिल किया गया।

अहमदाबाद: 13,800 करोड़ के काले धन को घोषित करके सबको चौंकाने वाले गुजराती कारोबारी महेश शाह को आयकर विभाग ने अहमदाबाद में हिरासत में ले लिया। माना जाता है कि शाह गुजरात, महाराष्ट्र और दक्षिण भारत में जमीन का कारोबार करता था। दरअसल, वीडीआई स्कीम के तहत महेश शाह की घोषणा के बाद आयकर विभाग ने कार्रवाई कर की और महेश शाह ग़ायब हो गया था। फिर शनिवार शाम नाटकीय तरीके से वो एक टीवी स्टूडियो में पहुंच गया था, जिसके बाद आयकर विभाग ने ये कार्रवाई की। महेश शाह शनिवार की शाम एक स्थानीय न्यूज चैनल पहुंचा और दावा किया वो पैसा उसका नहीं बल्कि नेताओं का है। शाह ने कहा, "वो पैसा मेरा नहीं है. वह पैसा कई लोगों का है जिसमें नेता, बाबू और बिल्डर्स शामिल हैं।" गौरतलब है कि केंद्र सरकार की इस योजना के तहत 30 सितंबर तक सरकार को 45 प्रतिशत टैक्स देकर अघोषित आय घोषित की जा सकती थी। इस योजना के तहत अघोषित आय पर टैक्स चुकाने के बाद आय की स्वैच्छिक घोषणा करने वाले पर आयकर विभाग की तरफ से कोई कार्रवाई नहीं होनी थी। यहीं महेश से चूक हो गई। उन्होंने 13 हजार करोड़ रुपये अघोषित आय की जानकारी आयकर विभाग को दी तो सही पर टैक्स चुकाए बिना। शाह को इसके तहत इन्हें चार किश्तों में 45 प्रतिशत टैक्स भरना था।

अहमदाबाद: आय घोषणा योजना के तहत 13,860 करोड़ रुपये की अघोषित आय का खुलासा करने वाले प्रॉपर्टी डीलर महेश शाह को आय कर विभाग ने शनिवार को हिरासत में ले लिया। अघोषित आय का खुलासा करने के बाद महेश फरार था जिसे आय कर विभाग ने एक समाचार चैनल के स्टूडियो से हिरासत में लिया। शाह पिछले 10 दिनों से गायब था। शाह ने दावा किया है कि आईडीएस के तहत उसने जिस अघोषित आय का खुलासा किया है वह रकम राजनेताओं और नौकरशाहों की है। शाह का कहना है कि वह इस बारे में और जानकारियां शीघ्र देगा। इसके पहले आयकर विभाग ने अहमदाबाद आधारित उस प्रॉपर्टी डीलर के कार्यालय एवं आवासीय परिसरों की तलाशी ली जिसने सरकार की आय घोषणा योजना के तहत 13,860 करोड़ रुपये की अघोषित आय का खुलासा किया था। आयकर विभाग के अधिकारियों ने शुक्रवार को महेश शाह के परिसरों के अलावा उनकी चार्टर्ड अकाउंटेंट कंपनी ‘अप्पाजी अमीन एण्ड कम्पनी’ के परिसरों पर भी तलाशी ली। हालांकि, विभाग की ओर से इस तलाशी के बारे में कोई जानकारी नहीं दी गई है, लेकिन शाह के सीए तहमुल सेठना ने मीडिया को बताया कि उनके मुवक्किल (महेश शाह के दोस्तों) से जुड़े लोगों के परिसरों सहित कई स्थानों पर तलाशी ली गई है। कई बार प्रयास किए जाने के बावजूद आयकर विभाग के अधिकारियों से संपर्क स्थापित नहीं हो पाया है।

अहमदाबाद: कालेधन के खिलाफ नोटबंदी जैसा बड़ा फैसला लेने वाले पीएम नरेंद्र मोदी के गृहराज्य गुजरात से ही देश की अब तक की सबसे बड़ी बेहिसाबी आमदनी का खुलासा हुआ है। गुजरात के प्रॉपर्टी डीलर महेश शाह ने सरकार की इनकम डिक्लेरेशन स्कीम के तहत 13,860 करोड़ रुपए कैश होने की घोषणा की है। बेहद सामान्य घर में रहने वाले शाह को वीडीआईएस योजना के तहत इस रकम पर चार किश्तों में 45 प्रतिशत टैक्स भरना था। 30 नवम्बर से पहले शाह को इसकी पहली किश्त का 25 प्रतिशत यानी 1560 करोड़ रुपये जमा करना था लेकिन आखिरी तारीख तक उसने ऐसा नहीं किया और अब वो फरार बताया जा रहा है। गौरतलब है कि पहली किश्त जमा करने की मियाद खत्म होने से पहले ही इनकम टैक्स विभाग ने 28 नवम्बर को शाह का डिस्क्लोजर रद्द करके 29 और 30 नवम्बर को शाह और उनके सीए तेहमूल सेठना के ठिकानों पर सर्च किया। इनकम टैक्स डिपार्टमेंट ने शुक्रवार को शाह की चार्टर्ड अकाउंटेंट फर्म अप्पाजी अमीन के ठिकानों पर छापे मारे। बताया जा रहा है कि शाह फरार हैं और आईटी डिपार्टमेंट ने 29 नवंबर से 1 दिसंबर के बीच भी शाह के ठिकानों पर सर्चिंग की है। हालांकि, आईटी डिपार्टमेंट ने छापों के बारे में कोई जानकारी नहीं दी है। तेहमूल ने बताया कि उन्हें इनके व्यवसाय की ठोस जानकारी नहीं है लेकिन वो बड़ी चीज थे। वो कुछ खास पढ़े लिखे नहीं हैं, हालांकि काफी होशियार आदमी हैं।

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