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बेंगलुरु: जेडीएस के पूर्व सांसद प्रज्वल रेवन्ना के खिलाफ यौन उत्पीड़न मामले में एसआइटी के तीसरे आरोपपत्र से पता चला है कि वह पीड़िता को अपनी पसंद का इनरवियर पहनने और इस जघन्य कृत्य को अंजाम देते समय हंसने के लिए मजबूर करता था।

मामले की जांच कर रही एसआइटी ने शुक्रवार को जनप्रतिनिधियों की विशेष अदालत में 1,691 पन्नों का आरोपपत्र पेश किया और इसके साथ पीड़िता का बयान संलग्न किया। एसआइटी ने इस मामले में 120 से अधिक गवाहों से पूछताछ की है।

बंदूक की नोक पर किया दुष्कर्म

पीड़िता ने बताया है कि प्रज्वल ने बंदूक की नोक पर उसके साथ बार-बार दुष्कर्म किया, उसका वीडियो बनाया और वीडियो के स्क्रीनशाट लिए। वह इस बात पर जोर देता था कि पीड़िता को यौन उत्पीड़न के दौरान रोना नहीं चाहिए और उसे पूरे समय हंसना चाहिए। पुलिस सूत्रों के अनुसार, प्रज्वल ने 2020 से 2023 तक पीड़िता के साथ बार-बार दुष्कर्म किया। हर बार जब वह अपराध करता था, तो उसका वीडियो रिकार्ड कर लेता था।

कार्यक्रम के बाद प्रज्वल ने किया फोन

इसके बाद वह पीड़िता को धमकी देता था कि अगर उसने इसके बारे में किसी को बताया तो वह इसे सार्वजनिक कर देगा। मामले में गवाह एक विधायक ने एसआइटी को बताया कि वह एक कार्यक्रम में शामिल हुआ था, जिसमें प्रज्वल और पीड़िता दोनों ने भाग लिया था। कार्यक्रम के बाद प्रज्वल ने बार-बार उसे फोन किया और गेस्ट हाउस में आने के लिए मजबूर किया।

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