प्रयागराज (जनादेश ब्यूरो): प्रयागराज में छात्रों की गूंज कार्यक्रम में लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने कहा कि एक ऐसा समय था जब इलाहाबाद देश की सबसे अच्छी यूनिवर्सिटी थी। उन्होंने कहा, 'आज शाम मैं आपसे दर्द, डेटा और दौलत पर बात करने आया हूं। हिंदुस्तान के पास दुनिया की सबसे बड़ी यूथ पावर है। ये देश की स्ट्रेंथ है। अमेरिका की बात होती है, रूस और चीन की बात होती है। इंडिया के यूथ के आगे ये सब कुछ नहीं है।' उन्होंने कहा कि आज देश में आप कोई भी कोर्स करो, पूरा करने के बाद नौकरी नहीं मिलेगी। आज देश में 1000 में से सिर्फ 12 छात्रों को पक्की नौकरी मिलती है।
युवाओं से कहा जाता है मजदूरी करो, रील बनाओ: राहुल गांधी
राहुल गांधी ने ‘छात्रों की गूंज’ कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कहा कि डाटा युवाओं का, क्षमता युवाओं की, लेकिन सिस्टम ने उन्हीं युवाओं को चक्रव्यूह में फंसा रखा है। देश के युवा पढ़ाई करते हैं, इसमें परिवारों का लाखों-करोड़ रुपया खर्च होता है। फिर सिस्टम सर्टिफिकेट देता है, लेकिन उससे रोजगार नहीं मिलता है।
राहुल गांधी ने कहा कि आज 1,000 में से सिर्फ 12 लोगों को ही पक्की नौकरी मिलती है लोगों से उनका डाटा छीनकर बड़ी-बड़ी कंपनियों को दे दिया जाता है। फिर आपको कहा जाता है- रील और कन्टेंट बनाइए। लेकिन आप जान लीजिए- रील 21वीं सदी का नया नशा है इन सबके बाद, युवाओं से कहा जाता है कि ब्लिंकिट, उबर में काम करो। मजदूरी करो, रील बनाओ, लेकिन आपको इस देश में नौकरी नहीं मिल सकती।
देश के युवाओं ने अंधेरे में रोशनी जलाने का काम कियारा: राहुल गांधी
राहुल गांधी ने कहा कि देश के युवाओं ने अंधेरे में रोशनी जलाने का काम किया है। हिंदुस्तान के युवाओं ने डर का सामना कर, देश को बदलने का काम किया है।
लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने कहा कि आज मैं आपसे दर्द, डाटा और दौलत की बात करने आया हूं। हिंदुस्तान में 40 करोड़ युवा हैं, जो इस देश की ताकत हैं। इसलिए 21वीं सदी में देश दो चीजों के कारण आगे बढ़ सकता है। पहला, युवाओं की ताकत और दूसरा, युवाओं का डाटा। युवा + डाटा = 21वीं सदी की इकॉनमी। आपके डाटा के बिना एआई का कोई मतलब नहीं है। डाटा से एआई बनाया जा सकता है, लेकिन एआई से डाटा नहीं बनाया जा सकता।
भारत में रोजगार के सारे दरवाजे बंद हैंः राहुल गांधी
लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने कहा कि इंजीनियरिंग, मेडिकल की पढ़ाई के लिए आपसे पैसा लिया जाता है लेकिन इनके सर्टिफिकेट का कोई मतलब नहीं क्योंकि ये सर्टिफिकेट आपको रोजगार नहीं देता है। उन्होंने कहा कि 40 करोड़ ऊर्जावान युवा भारत की सबसे बड़ी ताकत हैं। अमेरिका, चीन और रूस कोई भी भारत के युवाओं की संभावना का मुकाबला नहीं कर सकता। लेकिन भारत में रोजगार के सारे दरवाजे बंद हैं।






