नई दिल्ली: कांग्रेस ने वित्त वर्ष 2026-27 के केंद्रीय बजट को फीका और निराशाजनक करार देते हुए रविवार को कहा कि यह उम्मीदों पर खरा नहीं उतरता। पार्टी महासचिव जयराम रमेश ने यह दावा भी किया कि वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण का बजट भाषण भी पारदर्शी नहीं रहा और इसमें प्रमुख कार्यक्रमों एवं योजनाओं के लिए बजटीय आवंटन की जानकारी नहीं दी गई। रमेश ने एक्स पर पोस्ट किया- दस्तावेज़ों का विस्तृत अध्ययन करना अभी बाकी है, फिर भी 90 मिनट के भाषण के बाद यह स्पष्ट हो जाता है कि बजट को लेकर जो उम्मीदें की गई थीं, उन पर यह पूरी तरह खरा नहीं उतरता। यह पूरी तरह फीका और निराशाजनक रहा।
उन्होंने दावा किया कि भाषण भी पारदर्शी नहीं था, क्योंकि इसमें प्रमुख कार्यक्रमों और योजनाओं के लिए बजटीय आवंटन के बारे में कोई भी जानकारी नहीं दी गई। वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने रविवार को वित्त वर्ष 2026-27 के लिए बजट पेश किया। उन्होंने घोषणा की कि पूंजीगत व्यय का लक्ष्य बढ़ाकर 12.2 लाख करोड़ रुपये किया जाएगा, जो चालू वित्त वर्ष के लिए 11.2 लाख करोड़ रुपये है। उन्होंने साथ ही देश में बुनियादी ढांचे को बढ़ावा देने के लिए कई उपायों की घोषणा की।
उधर, कांग्रेस सांसद गुरजीत सिंह औजाला ने कहा- देखिए, उम्मीद तो अच्छी करनी चाहिए। हम तो उम्मीद करते हैं कि जो बेरोजगार नौजवान है, उसके रोजगार का कुछ सोचा होगा सरकार ने और किसान के हित के लिए कुछ काम किया होगा। कई ऐसे राज्य हैं जिन पर कर्ज ज्यादा हो गया है, उसके बारे में सोचना चाहिए।
उन्होंने कहा कि पंजाब को सबसे ज्यादा आशा है. पंजाब के ऊपर बहुत कर्जा है। हम उम्मीद करते हैं कि पंजाब के कर्जा माफी का इन्होंने कोई प्रावधान किया होगा और उसके अलावा बॉर्डर की तरफ से पर बहुत ज्यादा ड्रग्स और ड्रोन के माध्यम से हथियार आ रहे हैं। इसको भी रोकने के लिए कुछ इंतजाम किया जा रहा होगा। बजट में सुरक्षा के लिए आधुनिक हथियार और टेक्नोलॉजी होना बहुत जरूरी है।






