अलीगढ़: बसपा सुप्रीमो मायावती ने सोमवार को भाजपा पर मौजूदा लोकसभा चुनावों में अपने राजनीतिक हित साधने के लिए सरकारी ताकत का गलत इस्तेमाल करने का आरोप लगाया। अलीगढ़ में आयोजित एक चुनावी जनसभा में मायावती ने कहा कि सत्तारूढ़ भाजपा लोकसभा चुनाव जीतने के लिए अपनी ताकत का दुरुपयोग कर रही है। खुद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी अपने राजनीतिक प्रतिद्वंद्वियों पर हमले के लिए सीबीआई और प्रवर्तन निदेशालय की मदद ले रहे हैं। यह एक खतरनाक चलन है। साथ ही यह मोदी द्वारा अपनायी जा रही निचले दर्जे की सियासत की एक और मिसाल है। प्रधानमंत्री द्वारा देश में जगह-जगह दिये जा रहे भाषण देश में राजनीति का एक नया रसातल दिखा रहे हैं।
भाजपा के राष्ट्रवाद को मिथ्याप्रचार करार देते हुए उन्होंने कहा कि मोदी दावा करते हैं कि देश की सीमाएं पहले कभी इतनी सुरक्षित नहीं थीं, जितनी कि आज हैं, मगर सच्चाई यह है कि देश की सरहदों की हालत किसी से छुपी नहीं है। मायावती ने दावा किया कि पिछले पांच साल के दौरान देश में अल्पसंख्यकों और हाशिये पर खड़े लोगों की हालत बद से बदतर हुई है।
बसपा प्रमुख ने कांग्रेस को भी नहीं छोड़ा। उन्होंने कहा कि यह पार्टी भी भाजपा के जैसी ही नीतियों का पालन करती है। ये दोनों ही पार्टियां मुसलमानों और दलितों की कीमत पर धन्नासेठों के हितों को तरजीह देती हैं।
बसपा के गठबंधन के सहयोगी राष्ट्रीय लोकदल के नेता चौधरी अजित सिंह ने इस मौके पर आरोप लगाया कि पिछले पांच वर्षों के दौरान देश में विभिन्न लोकतांत्रिक संस्थाओं की स्थिति तेजी से खराब हुई है। अगर भाजपा एक बार फिर सत्ता में आयी तो लोगों से वोट करने का अधिकार छीन लिया जाएगा। उन्होंने कहा कि भाजपा की लोकतंत्र में कोई आस्था नहीं है।