नई दिल्ली: हापुड लिंचिंग मामले में सुप्रीम कोर्ट ने यूपी सरकार से जांच की स्टेटस रिपोर्ट मांगी है। सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि यूपी सरकार इस मामले की अभी तक हुई जांच की स्टेटस रिपोर्ट 2 मई से पहले दाखिल करे। आपको बता दें कि हापुड़ लिंचिंग में जख्मी हुए समयद्दीन और मारे गए कासिम के बेटे ने कोर्ट में याचिका दाखिल कर मांग की है कि मामले की जांच उत्तर प्रदेश से बाहर की एसआईटी करे। याचिका पर सुनवाई करते हुए सुप्रीम कोर्ट ने उत्तर प्रदेश सरकार को नोटिस जारी करके इस याचिका पर जवाब मांगा था।
बता दें कि सितंबर 2018 में हापुड़ लिंचिंग मामले में सुप्रीम कोर्ट ने विशेष आदेश जारी किया था। कोर्ट ने अपने आदेश में इस मामले की जांच मेरठ रेंज के आईजी की निगरानी में कराने को कहा था। कोर्ट ने आईजी को कहा था कि वह लिंचिंग को लेकर सुप्रीम कोर्ट के फैसले के तहत कार्रवाई करेंगे। गौरतलब है कि कोर्ट द्वारा जारी गाइडलाइन में कहा गया है कि जो पुलिस अफसर कार्रवाई नहीं करते उन पर एक्शन लिया जाए। वहीं इस मामले में आईजी मेरठ जोन ने अपनी रिपोर्ट सील बंद लिफाफे में सुप्रीम कोर्ट को सौंपी थी।
इस मामले में पीड़ित समयद्दीन की ओर से पेश हुई वकील वृंदा ग्रोवर ने कोर्ट को बताया था कि सुप्रीम कोर्ट के निर्देश के बाद मजिस्ट्रेट ने सीआरपीसी की धारा 164 के तहत 31 अगस्त को समयद्दीन का बयान दर्ज किया है। वहीं यूपी पुलिस ने कोर्ट को बताया था कि अभी तक इस मामले में 11 आरोपियों में से दस की गिरफ्तारी हो चुकी है। जबकि एक आरोपी जो अभी भी फरार है, उसे भगोड़ा घोषित करने की कार्रवाई चल रही है।
इस मामले में याचिकाकर्ता की ओर से कहा गया था कि हम मामले की जांच उत्तर-प्रदेश से बाहर चाहते हैं। साथ ही इस मामले की जांच एसआईटी को दी जाए। हालांकि इस मामले में उत्तर-प्रदेश सरकार ने कहा था कि वह 60 दिनों के भीतर अपनी जांच पूरी कर लेगी।